2014 से 2024 के बीच 9.23 लाख करोड़ की केंद्रीय सहायता, जो यूपीए काल से 4 गुना अधिक : संजय सरावगी
*सड़क, रेल, एयरपोर्ट और स्वास्थ्य के क्षेत्र में बिहार ने रचा नया इतिहास:, संजय सरावगी*
*किसान, युवा, महिला और गरीब के सशक्तिकरण का स्वर्णिम काल: सरावगी*
*प्रदेश अध्यक्ष सरावगी ने कहा - केंद्र की सहायता से बिहार में आधारभूत संरचना का अभूतपूर्व विस्तार*
पटना, 13 जून। भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष संजय सरावगी ने कहा है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दूरदर्शी नेतृत्व और बिहार में डबल इंजन सरकार के समन्वित प्रयासों से राज्य विकास के नए युग में प्रवेश कर चुका है। आज बिहार विकसित भारत के संकल्प को साकार करने की दिशा में तेज़ी से आगे बढ़ रहा है और हर क्षेत्र में अभूतपूर्व उपलब्धियां हासिल कर रहा है।
प्रदेश अध्यक्ष संजय सरावगी ने कहा कि वर्ष 2014 से 2024 के बीच बिहार को केंद्र सरकार से लगभग 9.23 लाख करोड़ रुपये की सहायता एवं विभिन्न योजनाओं का लाभ मिला है, जो पूर्ववर्ती यूपीए शासनकाल की तुलना में लगभग चार गुना अधिक है। यह राशि बिहार के आधारभूत ढांचे, स्वास्थ्य, शिक्षा, कृषि और औद्योगिक विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है।
उन्होंने कहा कि बिहार में सड़क संपर्क व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए बड़े पैमाने पर कार्य हुए हैं। ग्रामीण सड़कों का नेटवर्क 1.2 लाख किलोमीटर तक पहुंच चुका है तथा 100 से अधिक आबादी वाले सभी टोलों को पक्की सड़कों से जोड़ने का कार्य तेजी से चल रहा है। राज्य में पटना-पूर्णिया, बक्सर-भागलपुर, आमस-दरभंगा, गोरखपुर-सिलीगुड़ी, रक्सौल-हल्दिया तथा वाराणसी-गया-कोलकाता सहित छह बड़े एक्सप्रेस-वे परियोजनाओं पर काम हो रहा है, जिससे बिहार की आर्थिक गतिविधियों को नई गति मिलेगी।
प्रदेश अध्यक्ष ने दावा करते हुए कहा कि गंगा नदी पर सात नए पुलों का निर्माण पूरा हो चुका है जबकि सात अन्य पुल निर्माणाधीन हैं। इसके अलावा कोसी, गंडक, सोन, बागमती और फल्गु नदियों पर भी कई महत्वपूर्ण पुल बनाए गए हैं। औंटा-सिमरिया गंगा पुल और पटना-आरा-सासाराम फोरलेन कॉरिडोर जैसी परियोजनाओं ने उत्तर और दक्षिण बिहार के बीच संपर्क को मजबूत किया है।
रेल क्षेत्र में हुई प्रगति का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि बिहार को रेल अवसंरचना विकास के लिए लगभग एक लाख करोड़ रुपये की परियोजनाएं मिली हैं। राज्य के 198 रेलवे स्टेशनों का अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत आधुनिकीकरण किया जा रहा है। इससे यात्रियों को विश्वस्तरीय सुविधाएं उपलब्ध होंगी और क्षेत्रीय विकास को बल मिलेगा।
संजय सरावगी ने जोर देकर कहा कि शहरी परिवहन के क्षेत्र में भी बिहार नई ऊंचाइयों को छू रहा है। पटना मेट्रो परियोजना तेजी से आगे बढ़ रही है तथा गया, मुजफ्फरपुर, दरभंगा और भागलपुर मेट्रो परियोजनाओं को भी स्वीकृति मिल चुकी है। वहीं पटना एयरपोर्ट के नए टर्मिनल के निर्माण, दरभंगा और गया हवाई सेवाओं के विस्तार तथा पूर्णिया ग्रीनफील्ड एयरपोर्ट की मंजूरी से राज्य की हवाई संपर्क व्यवस्था मजबूत हुई है।
स्वास्थ्य क्षेत्र की उपलब्धियों का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि बिहार में मेडिकल कॉलेजों की संख्या में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है। वर्तमान में 15 सरकारी मेडिकल कॉलेज संचालित हैं तथा 21 नए मेडिकल कॉलेजों का निर्माण कार्य चल रहा है। एम्स दरभंगा, होमी भाभा कैंसर अस्पताल मुजफ्फरपुर और पीएमसीएच विस्तार जैसी परियोजनाएं राज्य की स्वास्थ्य व्यवस्था को नई मजबूती प्रदान कर रही हैं। आयुष्मान भारत योजना के तहत चार करोड़ से अधिक लोगों को स्वास्थ्य सुरक्षा मिली है और हजारों करोड़ रुपये के मुफ्त इलाज का लाभ गरीब एवं जरूरतमंद परिवारों को प्राप्त हुआ है।
शिक्षा क्षेत्र में हुए सुधारों की चर्चा करते हुए भाजपा प्रदेश अध्यक्ष संजय सरावगी ने कहा कि शिक्षा बजट बढ़कर 77,690 करोड़ रुपये तक पहुंच गया है। राज्य में लगभग 94 हजार विद्यालय संचालित हैं और छह लाख से अधिक शिक्षकों की नियुक्ति एवं सेवाएं शिक्षा व्यवस्था को मजबूत बना रही हैं। हर पंचायत में उच्च विद्यालय की स्थापना की दिशा में कार्य हुआ है। इंजीनियरिंग कॉलेजों की संख्या 2 से बढ़कर 38, पॉलिटेक्निक संस्थानों की संख्या 13 से बढ़कर 46 तथा आईटीआई संस्थानों की संख्या 23 से बढ़कर 152 हो गई है।
कृषि क्षेत्र में हुए बदलावों का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के तहत 76 लाख किसानों को लाभ मिला है। नौ लाख किसानों को किसान क्रेडिट कार्ड के माध्यम से 8 हजार करोड़ रुपये से अधिक का ऋण उपलब्ध कराया गया है। मखाना को जीआई टैग मिलने, राष्ट्रीय मखाना बोर्ड के गठन तथा कोसी-मेची सिंचाई लिंक परियोजना जैसी पहलों से किसानों की आय बढ़ाने की दिशा में महत्वपूर्ण कार्य हुए हैं।
संजय सरावगी ने स्पष्ट कहा कि बिहार आज निवेशकों की पसंदीदा भूमि बन रहा है। बिहार इन्वेस्टमेंट समिट के माध्यम से लगभग 2.3 लाख करोड़ रुपये के निवेश समझौते हुए हैं। चंपारण और बक्सर में विशेष आर्थिक क्षेत्र (SEZ), मुजफ्फरपुर और खगड़िया में मेगा फूड पार्क, इथेनॉल नीति तथा टेक्सटाइल, मैन्युफैक्चरिंग और लेदर उद्योगों में निवेश की संभावनाओं ने रोजगार सृजन के नए द्वार खोले हैं।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के नेतृत्व में डबल इंजन सरकार का लक्ष्य केवल विकास नहीं, बल्कि गरीब, किसान, युवा, महिला और वंचित वर्गों का समग्र सशक्तिकरण है। बिहार आज बुनियादी ढांचे, शिक्षा, स्वास्थ्य, कृषि और उद्योग के क्षेत्र में जिस गति से आगे बढ़ रहा है, वह विकसित भारत के निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
अंत में उन्होंने कहा कि भाजपा का संकल्प है कि विकास की यह यात्रा निरंतर जारी रहे और बिहार आने वाले वर्षों में देश के अग्रणी राज्यों की श्रेणी में शामिल होकर समृद्धि और आत्मनिर्भरता का नया अध्याय लिखे।
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